#life ,#love,#myfeelings#mythoughts,
आसान नहीं था समझना तुम्हें
फिर भी तुम्हें समझ रही हूँ,
तुम में हीं सुलझा रही हूँ तुम्हें,
तुमने खुशी भी दी है और रुलाया भी है,
कभी -कभी रहस्य लगीं मुझे तुम तो कभी तुम वरदान लगी,तुम मिली हो मुझे समझ रही हूँ तुम्हें, देखो तुम कभी कैसी हो तो तुम कभी कैसी हो,कभी तो तुम खुश होती हो, कभी तो तुम रूठ जाती हो,
बहुत प्यारी हो, पता है जो भी हो समझ रही हूँ तुम्हें,
कयोंकि मुझे पता है, कि कैसे भी मुझे तुम्हें जीना होगा जिंदगी, तुम जिंदगी हो ना कोई जिंदगी से मुह कैसे मोङे।